cX?kh कk
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cX?kh पुर्खो के जeku s से चली आ रहा ह्मkjh lkLd~~~~rh का अहम हिस्सा है| cX?kh कि शुरुवात मुगलो के जमाने से चली आ रही है, ख।सक़र नवाबो के शहर ,लख़नऊ जहॅा खूबसूरत इमारते इमामबाड़ा मशहूर है पर्यटक लख़नऊ कि खूबसूरत और लाजावाब पक्वानो का म्ज़ा लेते है| और इन सब के अलवा
भी हमारे यहॅा कि cX?kh कि सवारी को नजरंअदाज़ नही कर सकते ,भारत इतना विकास
होने के |बावजूद आटो, रिक्शा ,इ-रिक्सा ने यातायात
में जगह ले ली है | लेकिन अब भी पर्यटक cX?kh का लुफ्त उथाते है | cX?kh की प्रथा धीरे -धीरे
लुप्त होती दिख रही है क्युकि लख़नऊ एक समृाट सिटी
में से एक होने वाला है जहा आज कल मेटृो का काम जोरो शोरो से चल रहा है व ही इसकी लोक्प्रियता बड़ रही है लेकिन आने वाले दिनों में इसकी लोक्प्रियता बढ़ेगी cX?kh कि सवारी लख़नऊ में आप ज्यादातर या इमामबाड़ा, चिड़ीया घर और छोटे इमामबाड़ा मे ही आपको देखने को
मिलेगी | क्या आप ने कभी cX?kh की सवारी की है ॽ कुछ साल बाद शायद cX?kh भी म्यूजियम का
एक हिस्सा बन जाये | cX?kh कk
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cX?kh पुर्खो के जeku s से चली आ रहा ह्मkjh lkLd~~~~rh का अहम हिस्सा है| cX?kh कि शुरुवात मुगलो के जमाने से चली आ रही है, ख।सक़र नवाबो के शहर ,लख़नऊ जहॅा खूबसूरत इमारते इमामबाड़ा मशहूर है पर्यटक लख़नऊ कि खूबसूरत और लाजावाब पक्वानो का म्ज़ा लेते है| और इन सब के अलवा
भी हमारे यहॅा कि cX?kh कि सवारी को नजरंअदाज़ नही कर सकते ,भारत इतना विकास
होने के |बावजूद आटो, रिक्शा ,इ-रिक्सा ने यातायात
में जगह ले ली है | लेकिन अब भी पर्यटक cX?kh का लुफ्त उथाते है | cX?kh की प्रथा धीरे -धीरे
लुप्त होती दिख रही है क्युकि लख़नऊ एक समृाट सिटी
में से एक होने वाला है जहा आज कल मेटृो का काम जोरो शोरो से चल रहा है व ही इसकी लोक्प्रियता बड़ रही है लेकिन आने वाले दिनों में इसकी लोक्प्रियता बढ़ेगी cX?kh कि सवारी लख़नऊ में आप ज्यादातर या इमामबाड़ा, चिड़ीया घर और छोटे इमामबाड़ा मे ही आपको देखने को
मिलेगी | क्या आप ने कभी cX?kh की सवारी की है ॽ कुछ साल बाद शायद cX?kh भी म्यूजियम का
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